रोडवेज के लिये ‘जी का जंजाल’ बनी SI परीक्षा, बसों में जबर्दस्त भीड़, टॉयलेट्स के आगे भी लगी है लंबी लाइनें

जयपुर. राजस्थान रोडवेज (Rajasthan Roadways) प्रबंधन के लिए प्रतियोगी परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों को रोडवेज बस में ‘फ्री यात्रा’ (Free Travel) कराने का सरकारी आदेश ‘जी का जंजाल’ बन गया है. रोडवेज के पास इतनी बसें ही नहीं है कि वो इन लाखों अभ्यर्थियों को गंतव्य तक पहुंचा सके. इसके चलते अभी चल रही राजस्थान पुलिस की सब इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थियों को घंटो बसों का इंतजार करना पड़ रहा है. जयपुर के सिंधी कैंप बस स्टैण्ड पर पिछले दो दिनों से जमा परीक्षार्थियों की भीड़ ही दिखाई दे रही है. ये वो लोग है जो अलग-अलग जिलों से एसआई भर्ती परीक्षा देने जयपुर पहुंचे हैं या फिर परीक्षा देने के बाद अपने घर जाने के लिए बस पकड़ना चाहते हैं.

दोनों ही सूरतों में बस में सीट लेने के लिए इन्हें मशक्कत करनी पड़ रही है. वजह साफ है कि जितनी तादात में अभ्यर्थी बस स्टैण्ड पर मौजूद हैं उतनी संख्या में रोडवेज के बेड़े में उपलब्ध बसों में सीट्स ही नहीं है. वहीं सफर फ्री होने के चलते अधिकतर अभ्यर्थी रोडवेज की बसों में ही सफर करना चाहते हैं. अभ्यर्थियों की इस भीड़ के चलते रोडवेज बसों में सफर की चाह रखने वाले आम यात्री भी परेशान हो रहे हैं.

शौचालय के लिए भी घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है
जयपुर से अलवर अपनी कंपनी के काम के सिलसिले में जाने वाले दया सिंह ने बताया कि वे पिछले डेढ़ घंटे से बस में सीट के लिए मशक्कत कर रहे हैं. लेकिन बस स्टैण्ड पर अभ्यर्थियों की भीड़ इतनी ज्यादा है कि उन्हें फाइनली सीट मिली ही नहीं. वहीं उज्जैन से खाटू श्याम के दर्शन के लिए जयपुर पहुंचे मुकेश पांडे का कहना था कि बस स्टैण्ड पर अभ्यर्थियों की भीड़ के चलते शौचालय के लिए भी घंटों लाइन में लगना पड़ा. तब जाकर नंबर आया.

डेढ़ साल से नहीं हुई नई बसों की खरीद
राजस्थान रोडवेज का बेड़ा अब बूढ़ा हो चला है. रोडवेज के बेड़े में जनवरी 2020 के बाद नई बसों की खरीद ही नहीं हुई. ऐसे में लगातार नॉर्म्स पूरे होने पर रोडवेज के बेड़े से बसें कम होती जा रही हैं. इस समय रोडवेज के बेड़े में 3100 रोडवेज की और 800 अनुबंध की बसें शामिल हैं. लेकिन फिलहाल 3200 बसों का ही संचालन हो रहा है. ऐसे में इतनी कम बसों से रोडवेज इन लाखों अभ्यर्थियों का बोझ नहीं उठा पा रही है.

2 हजार नई बसों और 9 हजार कर्मचारियों की सख्त जरूरत
राजस्थान स्टेट रोडवेज एम्प्लाइज यूनियन के प्रदेश सचिव धर्मेन्द्र चौधरी ने कहा कि हम पिछले कई बरसों से लगातार सरकार से मांग कर रहे हैं कि रोडवेज के लिए नई बसों की खरीद और नई भर्ती की जाए. इस समय रोडवेज को 2 हजार नई बसों और 9 हजार कर्मचारियों की सख्त जरूरत है. इसी वजह से तमाम ताकत झौंकने बाद भी अभ्यर्थियों को समय पर बसें उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं.

पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *